बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की घोषणा कोरोनो वायरस का इलाज मुफ्त


बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 16 मार्च को घोषणा की कि राज्य सरकार कोरोनोवायरस के लिए सकारात्मक परीक्षण करने वाले किसी भी मरीज के इलाज का सारा खर्च वहन करेगी।उन्होंने यह भी कहा कि राज्य में बीमारी से किसी भी मौत की स्थिति में, प्रत्येक मृतक के परिजन को मुआवजे के रूप में 4 लाख रुपये मिलेंगे।

बिहार में एक भी मरीज नहीं
मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार में कोरोना वायरस से संक्रमित एक भी मरीज नहीं मिले हैं। लेकिन सीमावर्ती राज्य उत्तर प्रदेश और नेपाल में इस रोग के मरीज मिले हैं। साथ ही बिहार में राज्य के कई जिलों में विदेशों से लोगों का आना-जाना लगातार होता रहता है, जिससे यहां भी संक्रमण का खतरा बना हुआ है। मुख्यमंत्री ने सदन को बताया कि कैसे 148 देश इस समस्या से जूझ रहे हैं। यह पूरे विश्व के लिए महामारी बन चुका है, जिसकी शुरुआत चीन के वुहान शहर से दिसंबर, 2019 में हुई थी। 

सीएम नीतीश ने बिहार के जिलों से धारा 144 हटाने का दिया निर्देश

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सोमवार को कोरोना वायरस को लेकर बिहार के कुछ जिलों में धारा 144 लगाने पर नाराजगी जताते हुए उसे हटाने के निर्देश दिए। नीतीश ने कहा कि बेमतलब दहशत फैलाने की जरूरत नहीं। मुख्यमंत्री ने स्वस्थ लोगों के मास्क पहने रहने पर भी सवाल खड़े किए। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वस्थ्य व्यक्ति को मास्क लगाने की कोई आवश्यकता नहीं है। विशेषज्ञों का कहना है कि मास्क उनके लिए है, जो संक्रमित हों या वैसे स्वास्थ्य कर्मी जो इस तरह के रोगी का उपचार कर रहे हैं। यदि मास्क का कोई उपयोग करता है तो उसके निस्तारण के प्रति भी सजग रहना पड़ेगा। सामान्यत: एक मास्क का प्रयोग छह से आठ घंटे के लिए किया जा सकता है। इसके इस्तेमाल के बाद उसे जला देना या जमीन में गड्ढा कर उसमें डाल देना चाहिए। तभी हम संक्रमण से बच सकेंगे।

Leave a Reply

%d bloggers like this: